रेलवे के ओएचई तार चोरी का खुलासा छह आरोपी गिरफ्तार

  • 375 किलो कॉपर वायर बरामद
  • तीन आरोपी न्यायिक अभिरक्षा में

जोधपुर(दूरदृष्टीन्यूज),रेलवे के ओएचई तार चोरी का खुलासा छह आरोपी गिरफ्तार। रेलवे की ओएचई लाइन से तांबे के तार चोरी करने के मामले में आरपी एफ ने छह आरोपियों को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। आरोपियों ने पहचान छिपाने के लिए घटना स्थल से करीब 20 किलोमीटर पहले ही मोबाइल फोन बंद कर दिए थे।

इसके बावजूद हाईवे के सीसीटीवी फुटेज,वाहनों के टायरों के निशान और पुराने मामलों की पड़ताल से जांच टीम आरोपियों तक पहुंच गई। उनकी निशानदेही पर 375 किलो चोरी का कॉपर वायर, दो पिकअप और दो मोटरसाइकिल बरामद की गई हैं।

उत्तर पश्चिम रेलवे के जोधपुर मंडल के वरिष्ठ मंडल सुरक्षा आयुक्त (आरपीएफ) नीतिश शर्मा ने बताया कि वारदात 7-8 अक्टूबर की रात भावी-बिलाड़ा रेलखंड के बीच लूणी नदी पर बने रेलवे पुल के पास हुई। इंजीनियरिंग कार्य के दौरान आरोपियों ने इलेक्ट्रिक और बोल्ट कटर से ओएचई के तांबे के तार काटे और फरार हो गए।

सड़क हादसे में दो युवकों की मौत

9 अक्टूबर को मामला दर्ज होने के बाद आरपी एफ ने घटना स्थल की जांच की। वहां वाहनों के टायरों के निशान मिले,लेकिन दो से ढाई किलो मीटर के दायरे में सीसी टीवी कैमरे नहीं थे।

होटल से लेकर टोल प्लाजों तक खंगाली फुटेज 
घटनास्थल पर कैमरे नहीं होने से जांच टीम ने आसपास के हाईवे पर नजर दौड़ाई। होटलों, पेट्रोल पंपों,ढाबों और टोल प्लाजा की फुटेज खंगाली गई। मोबाइल नेटवर्क के बीटीएस डेटा का विश्लेषण भी किया गया। आरोपियों ने मोबाइल बंद कर और कुछ ने घर पर छोडक़र जांच से बचने की कोशिश की,लेकिन तकनीकी और परिस्थितिजन्य साक्ष्यों की कडय़िां जुड़ती गईं और जांच सोजत रोड व पाली क्षेत्र तक पहुंच गई।

पुराने अपराधों से जुड़ी कडिय़ां 
जांच टीम ने वर्ष 2021 में मारवाड़ जंक्शन और वर्ष 2025 में सोजत रोड क्षेत्र में हुई ओएचई तार चोरी की घटनाओं के तौर- तरीकों का भी मिलान किया। पुराने आपराधिक रिकॉर्ड और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर छह आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। उनकी निशानदेही पर 375 किलो कॉपर वायर के साथ दो पिक अप,दो मोटरसाइकिल,एक बैटरी चालित इलेक्ट्रिक कटर और एक बोल्ट कटर बरामद किया गया। जोधपुर मंडल रेल प्रबंधक अनुराग त्रिपाठी ने आरपीएफ की इस कार्रवाई की प्रशंसा की है।

तीन आरोपी न्यायिक अभिरक्षा में 
गिरफ्तार छह आरोपियों में से तीन को न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया है,जबकि शेष तीन से अन्य मामलों में संभावित संलिप्तता को लेकर पूछताछ जारी है। आरपीएफ महानिरीक्षक ज्योति कुमार सतीजा के आदेश तथा वरिष्ठ मंडल सुरक्षा आयुक्त नीतीश शर्मा के निर्देशन में कार्रवाई हुई। सहायक सुरक्षा आयुक्त मुकेश कुमार के पर्यवेक्षण में निरीक्षक लक्ष्मण गौड़ ने जांच की।

कार्रवाई में यह टीम रहीं शामिल 
आरपीएफ पोस्ट जोधपुर से निरीक्षक लक्ष्मण गौड़,उप निरीक्षक सिद्धार्थ नेहरा, सहायक उप निरीक्षक अजीत खान,हेड कांस्टेबल हुकम सिंह भाटी,हेड कांस्टेबल रामकिशोर, कांस्टेबल विपिन कुमार, कांस्टेबल ललित कुमार और कांस्टेबल भंवर खोजा शामिल थे।

अपराध शाखा से निरीक्षक नवीन राही,कांस्टेबल राजकुमार और कांस्टेबल राजेंद्र सिंह राव तथा पुलिस-आरपी एफ साइबर सेल से एएसआई राकेश (पुलिस, जोधपुर), एएसआई आशीष,एएसआई राकेश (आरपीएफ, जयपुर) और हेड कांस्टेबल भैरूराम ने सहयोग किया।