पीडियाट्रिक डेंटल और मैक्सिलोफेशियल सर्जरी में उपलब्धि
जोधपुर(दूरदृष्टीन्यूज),पीडियाट्रिक डेंटल और मैक्सिलोफेशियल सर्जरी में उपलब्धि। डॉ.एसएन मेडिकल कॉलेज में टीएमजे एंकिलोसिस (TMJ Ankylosis) से पीड़ित एक 5 वर्षीय बच्ची की सर्जरी में सफलता हासिल की है।
3 महीने की उम्र से ही अपना मुँह खोलने या ठोस भोजन खाने में असमर्थ इस बच्ची को गैप आर्थ्रोप्लास्टी के साथ ऑस्टियो- आर्थ्रेक्टोमी(Osteo-arthrectomy with gap arthroplasty) के बाद 42mm (0mm से) मुँह खुलने की क्षमता तैयार कर डिस्चार्ज किया गया।
• वर्चुअल मार्गदर्शन: प्रो.डॉ.डीके गुप्ता और प्रो.डॉ.एस मित्तल।
• नेतृत्व: एचओडी प्रो.विकास देव, प्रो.बीएस जोधा (P&C),प्रो. विकास राजपुरोहित (अधीक्षक), और प्रो.राकेश कर्णावत।
• महत्वपूर्ण सहायता: एनेस्थीसिया के प्रो.एस जनवेजा और प्रो.डॉ. प्रमिला सोनी का पीडियाट्रिक फाइबरऑप्टिक प्रोब प्रयास, जिसने ट्रेकियोस्टोमी से बचने में मदद की और उन्होंने स्वयं पीएसी (PAC) के तहत मरीज को इंट्यूबेट किया।
FBNC 2-सप्ताह ओब्ज़र्वेर्शिप ट्रेनिंग का समापन
एचओडी के रूप में डॉ.विकास देव चौधरी हमारे साथ जुड़े। उनके साथ डॉ.चारू,डॉ.सुगंधा और डॉ.आयुष गर्ग,डॉ.ममता पटेल,डॉ.प्रीति ऐरून, योगेंद्र पुरी और उनकी समर्पित ट्रॉमा ओटी टीम,एनओ एनओआईसी (NO NOIC) निर्मला चौहान,एनओआईसी वार्ड और उनकी एनओ (NO) टीम (प्री-ऑप और पोस्ट-ऑप नर्सिंग केयर के लिए) और जूनियर रेजिडेंट्स डॉ. जेनिफर मैडम तथा डॉ.प्रज्ञा का भी पूरा सहयोग रहा।
लगभग पाँच वर्षों में पहली बार ठोस भोजन खाते हुए देखना ही सबसे बड़ा इनाम है। उसे आज ‘माँ’ (MAA) योजना के तहत अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है,जो उसके परिवार के लिए बिल्कुल मुफ्त था और उनका एक भी पैसा खर्च नहीं हुआ।
