आईआईटी जोधपुर के युवा संगम फेज़-7 के 50 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल रवाना

राजस्थान से सिक्किम तक

जोधपुर(दूरदृष्टीन्यूज),आईआईटी जोधपुर के युवा संगम फेज़-7 के 50 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल रवाना। भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान जोधपुर में गुरुवार को ‘एक भारत,श्रेष्ठ भारत’ पहल के अंतर्गत युवा संगम फेज़-7 के राजस्थान प्रतिनिधिमंडल के फ्लैग- ऑफ समारोह का आयोजन किया गया।

यह यात्रा देश की विविधता को अनुभव करने,विभिन्न संस्कृतियों को समझने और युवाओं के बीच संवाद एवं राष्ट्रीय एकता के भाव को सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है।राजस्थान के विभिन्न जिलों का प्रतिनिधित्व करने वाले 50 सदस्यीय प्रतिनिधि मंडल,पांच अधिकारियों के साथ,प्रो.भबानी के.सतपथी,उप निदेशक,आईआईटी जोधपुर एवं डॉ. राजलक्ष्मी चौहान, अधिष्ठाता,विद्यार्थी द्वारा फ्लैग-ऑफ किया गया।

इस अवसर पर प्रो. सतपथी ने सभी प्रतिनिधियों को शुभकामनाएँ देते हुए उन्हें इस अवसर का अधिकतम लाभ उठाने तथा देश की समृद्ध सांस्कृतिक एवं विकासात्मक विविधता को करीब से जानने, अनुभव करने और साझा करने के लिए प्रेरित किया।

राजस्थान का प्रतिनिधिमंडल प्रात: लगभग 3:00 बजे सिक्किम के लिए अपनी यात्रा प्रारंभ करेगा। प्रतिनिधिमंडल अपने साथ राजस्थान की जीवंत संस्कृति,परंपराएँ और विरासत ही नहीं,बल्कि जिज्ञासा,मित्रता और राष्ट्रीय एकता की भावना भी लेकर जा रहा है, जो युवा संगम की मूल भावना है।

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प्रतिनिधिमंडल के साथ डॉ.भास्कर कुमार काकती, सहायक प्रोफेसर एवं नोडल अधिकारी,युवा संगम फेज़-7, आईआईटीजोधपुर तथा अविनाश कुमार चौहान,ईबी एसबी स्टूडेंट हेड,आईआईटी जोधपुर सहित अन्य अधिकारी भी रहेंगे।

थार से हिमालय तक दो राज्यों के बीच संस्कृति का सेतु
राजस्थान से सिक्किम की यह यात्रा केवल एक भौगोलिक यात्रा नहीं है,यह थार के विशाल मरुस्थल से पूर्वी हिमालय की पर्वतीय धरती तक भारत की विविधता को अनुभव करने की यात्रा है। यह युवा प्रतिभागियों को भारत की विविध संस्कृतियों,परंपराओं और जीवन-पद्धतियों को करीब से समझने के साथ-साथ उन साझा मूल्यों, आकांक्षाओं और संबंधों को पहचानने का अवसर प्रदान करेगी, जो पूरे राष्ट्र को एक सूत्र में बाँधते हैं।

सिक्किम प्रवास के दौरान प्रतिनिधिमंडल राज्य के लोगों,संस्कृति,परंपराओं, तकनीकी पारिस्थितिकी तंत्र, पर्यटन क्षमता और विकास यात्रा से परिचित होगा। यह आदान-प्रदान युवा संगम के पाँच प्रमुख आयामों- व्यक्ति, सस्कृति, टेक्नोलॉजी टूरिज्म और डवलपमेंट पर केंद्रित रहेगा।

स्थानीय समुदायों, शैक्षणिक एवं सांस्कृतिक संस्थानों के साथ संवाद, ऐतिहासिक एवं पर्यटन स्थलों के भ्रमण तथा स्थानीय परंपराओं और विकासात्मक पहलों को प्रत्यक्ष रूप से जानने के माध्यम से प्रतिनिधियों को सिक्किम की विशिष्ट पहचान और विकास यात्रा को करीब से समझने का अवसर मिलेगा।

राजस्थान के ये युवा राजस्थान के सांस्कृतिक राजदूत के रूप में अपनी भूमिका निभाते हुए सिक्किम के युवाओं और समुदायों के साथ प्रदेश की समृद्ध लोक संस्कृति, विरासत, खान-पान, परंपराओं,उद्यम शीलता और समकालीन आकांक्षाओं को साझा करेंगे। ‘एक भारत,श्रेष्ठ भारत’ के केंद्र में युवा शक्ति युवा संगम भारत की विविधता को सार्थक युवा संवाद और आपसी सहभागिता के अवसर में परिवर्तित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। युवाओं को उनके परिचित परिवेश से बाहर निकलकर देश के दूसरे हिस्से को प्रत्यक्ष रूप से अनुभव करने का अवसर देकर यह पहल भौगोलिक सीमाओं और भाषाई विविधताओं से परे स्थायी संबंधों का निर्माण करती है।

राजस्थान के प्रतिनिधि मंडल के लिए सिक्किम की यह यात्रा केवल भ्रमण नहीं,बल्कि खोज, संवाद और पारस्परिक सीख की यात्रा है,एक ऐसा अनुभव, जिसके माध्यम से प्रतिभागी साझा संवाद और प्रत्यक्ष अनुभवों के जरिए भारत को और गहराई से समझ सकेंगे।

आईआईटी जोधपुर में आयोजित फ्लैग-ऑफ समारोह ने इस यात्रा की औपचारिक शुरुआत को चिह्नित किया। यह राजस्थान के युवाओं की आकांक्षाओं को सिक्किम की संस्कृति और विकास की कहानी से जोडऩे की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। जैसे ही राजस्थान का यह युवा प्रतिनिधिमंडल सिक्किम की ओर प्रस्थान करेगा, उसकी यात्रा अपने भीतर एक व्यापक संदेश समेटे होगी। “राजस्थान से सिक्किम-दो विशिष्ट भू-दृश्य, विविध परंपराएँ, लेकिन भारत की एक साझा आत्मा।” ‘एक भारत,श्रेष्ठ भारत’ की भावना के साथ युवा संगम समझ,मित्रता और राष्ट्रीय एकता के ऐसे सेतु निर्मित कर रहा है,एक यात्रा,एक संवाद और एक युवा भारतीय के माध्यम से।