Successful bilateral hip replacement at MGH without cutting muscles.

MGH में बिना मांसपेशी काटे दोनों कूल्हों का सफल प्रत्यारोपण

-DAA तकनीक से हुआ ऑपरेशन
-मरीजों को मिली तेज रिकवरी

जोधपुर(दूरदृष्टीन्यूज),MGH में बिना मांसपेशी काटे दोनों कूल्हों का सफल प्रत्यारोपण। महात्मा गांधी चिकित्सालय के अस्थि एवं जोड़ रोग विभाग ने जॉइंट रिप्लेसमेंट में एक और बड़ी उपलब्धि हासिल की है। विभाग की टीम ने बिना किसी मांसपेशी को काटे दोनों कूल्हों का सफल प्रत्यारोपण किया। यह सर्जरी अत्याधुनिक डायरेक्ट एंटीरियर एप्रोच DAA तकनीक से की गई।

विनायका हॉस्पिटल के डॉ. सौरभ त्रिवेदी बने देश के सबसे युवा रोबोटिक सर्जन

कौन थे मरीज:-
फलोदी निवासी फिरोज और पाली निवासी करीना पिछले 2-3 साल से दोनों कूल्हों के दर्द से परेशान थे। जांच में पता चला कि दोनों को AVN यानी एवैस्कुलर नेक्रोसिस की समस्या थी, जिससे चलना-फिरना मुश्किल हो गया था।

वरिष्ठ जॉइंट रिप्लेसमेंट विशेषज्ञ डॉ.किशोर रायचंदानी के मार्गदर्शन में टीम ने दोनों मरीजों का एक साथ दोनों कूल्हों का बाइलेटरल टोटल हिप रिप्लेसमेंट किया।

DAA तकनीक की खासियत:-
सहायक आचार्य डॉ. निरोत्तम सिंह ने बताया कि DAA एक मसल स्पेयरिंग तकनीक है। इसमें मांस पेशियों को काटने की बजाय उनके बीच से रास्ता बनाकर सर्जरी होती है।

फायदे:-
1.ऑपरेशन के बाद कम दर्द और कम रक्तस्राव
2.रिकवरी तेज,मरीज जल्दी चलने लगता है
3.छोटा चीरा,बेहतर कॉस्मेटिक रिजल्ट
4.जोड़ के अपनी जगह से खिसकने का खतरा कम

IADVL SIG LASER कॉन्फ्रेंस में डॉ.आनंद लामोरिया का व्याख्यान

डॉक्टरों की टीम:-
इस जटिल सर्जरी में डॉ. किशोर रायचंदानी,डॉ. निरोत्तम सिंह,डॉ.मनोज रेहडू,डॉ.आदित्य और डॉ. अंकित शामिल थे। एनेस्थीसिया डॉ.अभिलाषा थानवी की टीम ने संभाला। नर्सिंग और फिजियोथेरेपी टीम का भी अहम योगदान रहा।

अस्पताल अधीक्षक डॉ. फतेह सिंह भाटी और एसएन मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ.बीएस जोधा ने पूरी टीम को बधाई दी।
विभागाध्यक्ष डॉ.अरुण कुमार वैश्य ने कहा कि MG हॉस्पिटल में अब विश्वस्तरीय और अत्याधुनिक जॉइंट रिप्लेसमेंट सर्जरी सफलतापूर्वक की जा रही हैं।