सरस केबिन संचालक पर हुए जानलेवा हमले करने के पांच आरोपी गिरफ्तार
- हमले में दोनों पैर फ्रैक्चर
- पीडि़त की पत्नी ने दर्ज कराया हत्या प्रयास का केस
जोधपुर(दूरदृष्टीन्यूज),सरस केबिन संचालक पर हुए जानलेवा हमले करने के पांच आरोपी गिरफ्तार।सरदारपुरा थाना पुलिस ने जानलेवा हमला करने के प्रयास के एक मामले में कार्रवाई करते हुए पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। मामले में आरोपियों से पूछताछ की जा रही है।
सरदारपुरा थानाधिकारी जयकिशन सोनी ने बताया कि आरोपियों में बॉम्बे मोटर्स पंचोलिया नाड़ी प्रताप नगर सदर निवासी मोन्टू हंस उर्फ राहुल हंस पुत्र राकेश हंस,बकरा मंडी कालिया दुकां निवासी विशाल उर्फ रितिक पुत्र घनश्याम उर्फ मिथुन,व्यास कॉलोनी एयरफोर्स एरिया थाना एयरपोर्ट निवासी मनीष खींची पुत्र अनुराग,बर्फ फैक्ट्री भदवासिया थाना महामंदिर निवासी हिमांशु पंडित पुत्र रविन्द्र कुमार पंडित तथा बॉम्बे मोटर्स जगदम्बा कॉलोनी प्रतापनगर सदर हाल मकान नम्बर 50 सेक्टर-04 कुड़ी भगतासनी निवासी विश्वास सिंह उर्फ विष्णु सिंह पुत्र विजय सिंह चौहान हैं।
जेके नगर में दो माह से नहीं हो रही जलापूर्ति
यह है मामला
2 मई को एलएल कॉलोनी पांचवीं रोड निवासी खुशबु पत्नी संजय परिहार ने रिपोर्ट दी कि मेरे पति संजय परिहार 7वीं पाल रोड बालाजी मन्दिर के सामने सरस का केबिन चलाते है। 1 मई को मेरे पति रोज की तरह केबिन पर आए काम करने के बाद वक्त करीब 10.30 बजे के आस पास जब केबिन बन्द कर रहे थे। तभी वहां पर राहुल हंस,मोन्टू हंस,सन्नी हंस, विशाल खिचीं,विष्णुसिंह,सुरेन्द्र इन्दलिया,आकाश तेजी,रितिक नोकवाल निवासी बकरा मण्डी व 5-7 अन्य लडक़ों ने मेरे पति पर जानसे मारने की नीयत से लाठी, डण्डों, तलवार से मेरे पति पर जान लेवा हमला कर मारपीट की जिससे मेरे पति के सिर में पीठ में व पैरों में चोट आई व पति के दोनों पैर फैक्चर हो गए। उसके बाद पति ने फोन किया मैं जब दुकान (केबिन) पर आई तो पति के साथ मौके पर सुनिल उर्फ सुन्या भी मौजूद था जिसने सारी घटना की जानकारी दी। बाद में उन्हें एमडीएम अस्पताल में भर्ती करवाया जहां मेरे पति का ऑपरेशन है।
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आपसी रंजिश आई सामने,आरोपी पहले भी लगा चुका आग
थानाधिकारी सोनी ने बताया कि संजय परिहार व राहुल हंस उर्फ मोन्टू हंस के बीच आपसी पुरानी रंजिश के चलते पूर्व में भी संजय परिहार के केबिन को अभियुक्त राहुल हंस अपने दोस्तों के साथ मिलकर आग लगा दी थी,जिसके चलते पूर्व में भी जेल जाकर आया है। संजय परिहार व राहुल के बीच में 30 अप्रैल की रात्री में भी आपसी बोलचाल हुई थी। जिस कारण 1 मई को राहुल हंस ने अपने रिस्तेदार व दोस्तों को अपने घर पर बुलाकर पहले योजना बनाई उसके बाद संजय परिहार की दिनभर तलाश की। रात में वह अपने सरस बूथ के केबिन के पास 07वीं रोड पर बैठा था तो घर से लोहे के पाइप और डण्डे मंगवाकर उनसे जानलेवा हमला किया।
पहले से दर्ज है मामले
आरोपी राहुल हंस के खिलाफ पहले से ही 24 प्रकरण दर्ज हैं,जो सरदारपुरा,प्रतापनगर,रातानाडा, खांडाफलसा,प्रताप नगर सदर, नागौरी गेट,जैसलमेर सदर में दर्ज है। मामले मारपीट,हत्या प्रयास, आगजनी धमकाने आदि धाराओं में दर्ज हैं।
इसी तरह विशाल उर्फ रितिक के खिलाफ तीन प्रकरण प्रतापनगर, खांडा फलसा थाने में दर्ज हो रखे हैं। मनीष खींची के खिलाफ एक प्रकरण रातानाडा थाने में दर्ज है और चालान हो रखा है। जबकि हिमांशु पंडित के खिलाफ महामंदिर थाने में एक प्रकरण दर्ज है। गत साल यह प्रकरण दर्ज हुआ था। विश्वाससिंह उर्फ विष्णु सिंह के खिलाफ नागौरी गेट थाने में वर्ष 23 में दर्ज हुआ था।
