संभागीय स्तरीय अमृता हाट शुभारंभ आज
- महिला स्वयं सहायता समूहों के सशक्तिकरण की दिशा में सशक्त पहल
- राज्यभर की महिला स्वयं सहायता समूहों को 80 स्टॉल्स आवंटित
- खरीदारी पर रहेगी लक्की ड्रॉ की व्यवस्था
जोधपुर(दूरदृष्टीन्यूज),संभागीय स्तरीय अमृता हाट शुभारंभ आज। प्रदेश के दूर-दराज क्षेत्रों में कार्यरत महिला स्वयं सहायता समूहों की अधिकतम भागीदारी सुनिश्चित करने तथा उनके उत्पादों के विपणन,बिक्री एवं मार्केटिंग को विभागीय स्तर पर समुचित समर्थन प्रदान करने के उद्देश्य से जोधपुर संभागीय स्तरीय दशम अमृता हाट का आयोजन दिनांक 01 से 07 फरवरी 2026 तक अरबन हाट परिसर,पाली रोड,जोधपुर में किया जाएगा।
अमृता हाट का भव्य शुभारंभ रविवार को दोपहर 03 बजे जनप्रतिनिधियों, प्रशासनिक अधिकारियों एवं गणमान्य नागरिकों के सानिध्य में आयोजित किया जाएगा,जिसमें महिला सशक्तिकरण एवं स्थानीय उत्पादों को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य को प्रमुखता से रेखांकित किया जाएगा।
महिला स्वयं सहायता समूहों द्वारा निर्मित एवं मूल्य संवर्धित उत्पादों के विपणन के लिए आयोजित इस संभाग स्तरीय अमृता हाट में राज्य के विभिन्न जिलों से आई महिला स्वयं सहायता समूहों को कुल 80 स्टॉल्स आवंटित किए गए हैं। प्रतिभागी महिलाओं द्वारा अपनी- अपनी स्टॉल्स लगाने का कार्य प्रारंभ कर दिया गया है।
मेले में भाग लेने वाली महिला स्वयं सहायता समूह सदस्यों को विभाग की ओर से निःशुल्क स्टॉल, आवासीय व्यवस्था,भोजन एवं यात्रा भत्ता उपलब्ध करवाया जाएगा। अमृता हाट का समय प्रातः 10.00 बजे से रात्रि 09.00 बजे तक रहेगा तथा आमजन के लिए प्रवेश एवं पार्किंग की सुविधा पूर्णतः निःशुल्क रहेगी।
जिले के प्रत्येक गिरदावर सर्किल पर एक दिवसीय विशेष शिविर रविवार को
अमृता हाट में ग्राहकों को आकर्षित करने के लिए न्यूनतम ₹500 तक की खरीदारी पर लक्की ड्रॉ की व्यवस्था की गई है,जिसमें प्रतिदिन ड्रॉ के माध्यम से तीन लक्की विजेताओं को क्रमशः ₹500, ₹300 एवं ₹200 की निःशुल्क खरीददारी विभाग द्वारा करवाई जाएगी।
अमृता हाट में विभागीय महिला स्वयं सहायता समूहों,उद्योग विभाग, राजीविका,एनयूएलएम द्वारा गठित महिला स्वयं सहायता समूहों एवं महिला आर्टिजन द्वारा निर्मित विविध हस्तनिर्मित उत्पाद उपलब्ध रहेंगे। इनमें लाख की चूड़ियां,मोजड़ी,पेपरमेशी, आर्टिफिशियल फ्लावर्स,टेराकोटा, आर्टिफिशियल ज्वैलरी,ऊनी एवं सूती रेडीमेड गारमेंट्स,कशीदाकारी, चिकनकारी,जरी,पैचवर्क, कांच जड़ाई,वुडन क्राफ्ट, मार्बल की कलात्मक वस्तुएं,बंधेज,लहरिया, मोतड़ा,कोटा डोरिया साड़ियां,सलवार सूट,रोहट व सालावास की दरियां एवं चद्दरें, बाड़मेर की अजरख प्रिंट चद्दरें, गुजराती हस्तशिल्प एवं सोजत की मेहंदी शामिल हैं। खाद्य उत्पादों में अंथाना की मिर्ची का अचार,मुरब्बा, मसाले,पापड़-मंगोड़ी एवं सूखी सब्जियां भी उपलब्ध रहेंगी। सभी उत्पाद उचित मूल्य पर, पर्याप्त मात्रा एवं विभिन्न वैरायटी में बिक्री हेतु उपलब्ध रहेंगे।
फूड कोर्ट व सांस्कृतिक माहौल की विशेष व्यवस्था
मेले में आगंतुकों की सुविधा के लिए फूड कोर्ट की व्यवस्था रहेगी,जहां पानी पुड़ी, चाट,पाव-भाजी,चाउमीन,दाबेली,जूस, आइसक्रीम सहित विभिन्न चटपटे व्यंजन उपलब्ध कराए जाएंगे।
बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ एवं घूंघट मुक्त राजस्थान पर जागरूकता:-
अमृता हाट स्थल पर ‘बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ’अभियान के अंतर्गत सेल्फी पॉइंट स्थापित किया जाएगा। साथ ही बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ एवं घूंघट मुक्त राजस्थान अभियान के तहत घूंघट प्रथा की समाप्ति के लिए जागरूकता कार्यशालाएं,संगोष्ठियां एवं अन्य विभागीय योजनाओं के प्रचार- प्रसार से संबंधित गतिविधियां आयोजित की जाएंगी।
महिला उद्यमिता को बढ़ावा देने का सशक्त मंच
अमृता हाट में स्वयं सहायता समूहों द्वारा निर्मित उत्पाद गुणवत्तायुक्त एवं वाजिब दरों पर उपलब्ध होंगे। यह हाट महिला उद्यमिता,स्वावलंबन एवं पारंपरिक हस्तकला को बढ़ावा देने का सशक्त मंच है। उल्लेखनीय है कि जोधपुरवासी अमृता हाट के प्रति विशेष रुचि रखते हैं तथा प्रत्येक वर्ष इसके आयोजन की प्रतीक्षा करते हैं।
जोधपुर वासियों से अपील की गई है कि वे ‘वोकल फॉर लोकल’ की भावना के अनुरूप अधिक से अधिक संख्या में अमृता हाट में आ कर महिला प्रतिभागियों को प्रोत्साहित करें तथा हस्तनिर्मित उत्पादों की खरीदारी करें। उपनिदेशक महिला अधिकारिता फरसाराम विश्नोई द्वारा मेले स्थल पर विभागीय कार्मिकों की बैठक आयोजित कर आवश्यक तैयारियों की समीक्षा की गई तथा मौके पर ही स्टॉल आवंटन की प्रक्रिया पूर्ण की गई।
