Doordrishti News Logo

सनातन धर्म के मानबिंदुओं की पुनर्स्थापना का अभियान चले-योगी आदित्यनाथ

  • भीनमाल के प्राचीन नीलकंठ महादेव मंदिर के पुनरुद्धार समारोह में शामिल हुए यूपी के मुख्यमंत्री
  • बोले जाति पाति के भेदभाव से ऊपर उठना होगा
  • केन्द्रीय जलशक्ति मंत्री शेखावत बोले,मुख्यमंत्री जी मेरे छोटे से आग्रह पर यहां पधारे,मैं इनका मनपूर्वक स्वागत करता हूं

भीनमाल,उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा है कि सनातन धर्म हमारा राष्ट्रीय धर्म है। इसके मानबिंदुओं की पुनर्स्थापना का अभियान पूरे देश में चलना चाहिए। उन्होंने आह्वान किया कि समाज को जाति पाति के भेदभाव से ऊपर उठकर उसे अपनी दैनिक जीवन का अंग बनाए। शुक्रवार को भीनमाल में चौदह सौ साल पुराने प्रसिद्ध नीलकंठ महादेव मंदिर के पुनरुद्धार अभियान के समापन समारोह में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि राजस्थान की धरती धर्म और कर्म की धरती है।

यह भक्ति और शक्ति के समन्वय का केन्द्र बिंदु है। यदि धर्म के मर्म को समझना हो तो राजस्थान का दर्शन करना चाहिए। राजस्थान ने जहां अपने पराक्रम के लिए देश-दुनिया में अपनी नई पहचान बनाई, वहीं भक्ति के केन्द्र के रूप में ऋषि, मुनियों और योगियों ने अपनी साधना भूमि के रूप में इस धरती को चुना।

ये भी पढ़ें- आरजीएचएस से संबंधित समस्या समाधान की जिला स्तरीय बैठक 30 को

उन्होंने कहा कि जालोर में नाथ संप्रदाय के बहुत सिद्ध योगी हुए। योगीराज जालंधर नाथ के नाम पर जालोर का नाम पड़ गया। जालोर की धरती पर योगीराज शांतिनाथ का सानिध्य भी लंबे समय तक मिलता रहा। अब इस नीलकंठ महादेव मंदिर से यही परंपरा आगे बढ़ रही है।

राम मंदिर से पहले नीलकंठ मंदिर का काम पूरा हुआ

योगी आदित्यनाथ ने कहा कि आपका उत्साह हम लोगों को नई ताकत देता है। पूरी मजबूती के साथ धर्म के पथ पर चलते हुए अपने कार्यों के निर्वहन करने की प्रेरणा हम सबको प्रदान करता है। चौदह सौ वर्ष पुराना नीलकंठ का मंदिर हम सबको अभिभूत करता है।

campaign-to-restore-the-human-points-of-sanatan-dharma-yogi-adityanath

 

मुख्यमंत्री ने कहा कि श्रीलंका पर विजय प्राप्त करने से पहले जिस प्रकार भगवान राम ने रामेश्वरम् में भगवान शिव की पूजा की थी,उसी प्रकार अयोध्या में राममंदिर का निर्माण पूरा होने से पहले यहां भगवान नीलकंठ के मंदिर का निर्माण हुआ है। अब भगवान राम के भव्य मंदिर का निर्माण अयोध्या में निर्विध्न पूरा होगा।

ये भी पढ़ें- स्कूल में गणतंत्र दिवस व बसंत पंचमी मनाई

विरासत के प्रति सम्मान का भाव रखना जरूरी

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि आज देश आगे बढ़ रहा है। आजादी के अमृत महोत्सव में प्रधान मंत्री नरेन्द्र मोदी जी ने हमें पांच संकल्प दिलाए। पंच प्रण में से एक प्रण है विरासत के प्रति सम्मान का भाव रखना। अपनी विरासत का संरक्षण करना। चौदह सौ वर्ष पुराने नागभट्ट के काल के इस प्राचीन मंदिर का जीर्णोद्धार विरासत का ही संरक्षण है। आज जिस प्रकार की धार्मिक एकता इस कार्यक्रम में दिख रही है, जहां कोई जाति पाति का भेद नहीं, कोई धार्मिक भेद नहीं। इसे अपने दैनिक जीवन में भी अंगीकार करना होगा।

सनातन धर्म भारत का राष्ट्रीय धर्म

योगी आदित्यनाथ ने कहा कि सनातन धर्म भारत का राष्ट्रीय धर्म है। हमारा देश सुरक्षित हो। हमारे मानबिंदुओं की पुनर्स्थापना हो। गौ और ब्राह्मण की रक्षा हो। किसी कालखंड में यदि हमारे धर्मस्थलों को अपवित्र करने का कार्य किया गया था तो इसकी पुनर्स्थापना का अभियान चले। इस अभियान का फल आप देख रहे होंगे।

अयोध्या में भगवान राम के भव्य मंदिर का काम होने जा रहा है। भारत की भावनाओं के अनुरूप भारत का राष्ट्रीय मंदिर भगवान राम के मंदिर के रूप में स्थापित हो रहा है। मुझे बहुत प्रसन्नता है कि राम मंदिर से पहले भगवान नीलकंठ में इस मंदिर के पुनरुद्धार कार्यक्रम में मुझे शामिल होने का सौभाग्य मिला। अब भगवान रामलला विराजमान अगले एक वर्ष के अंदर अपने भव्य मंदिर में होंगे।

पुनरुद्धार कार्य से जुड़े मुफतसिंह राव की प्रशंसा की

उन्होंने मंदिर के पुनरुद्धार कार्य से जुड़े मुफतसिंह राव की प्रशंसा करते हुए कहा कि इन्होंने पन्द्रह वर्षों से एक ही संकल्प के साथ काम किया और इस चौदह सौ वर्ष पुराने मंदिर के पुनरुद्धार में लगे रहे। समर्पण का यह भाव ही हमारी पहचान है। धर्म का ऋण हमारे ऊपर रहता है। इन्होंने इसे चुकाने का कार्य किया है। इसका भव्य रूप देखकर आने वाले पन्द्रह सौ वर्षों तक के लिए यह सुरक्षित हो गया है। अब इसे बनाए रखने की जिम्मेदारी भीनमालवासियों और जोलोरवासियों की है।

केन्द्रीय मंत्री शेखावत ने किया स्वागत

समारोह में केन्द्रीय जलशक्ति मंत्री गजेन्द्र सिंह शेखावत ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का स्वागत करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री जी मेरे छोटे से आग्रह पर यहां पधारे, इसके लिए मैं इनका मनपूर्वक स्वागत करता हूं। शेखावत ने मंदिर जीर्णोद्धार कार्य से जुड़े मुफतसिंह राव की प्रशंसा करते हुए कहा कि व्यक्ति संकल्प करता है और उस संकल्प को पूरा करने के लिए अपना जीवन खपा देता है। उसका उदाहरण मुफतसिंह राव जी हैं। इन्होंने चौदह सौ साल पुराने मंदिर का जीर्णोद्धार किया। इस अवधि में कई उतार चढ़ाव आए, लेकिन इन्होंने अपने संकल्प को डिगने नहीं दिया।

इससे पहले,शेखावत ने जोधपुर एयरपोर्ट पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का स्वागत किया। शेखावत ने कहा कि योगी जी अपने अतिव्यस्त कार्यक्रम के मध्य मेरे अनुरोध पर सूर्यनगरी जोधपुर पधारे। एयरपोर्ट पर योगी जी का स्वागत कर हार्दिक प्रसन्नता हुई।

दूरदृष्टिन्यूज़ की एप्लिकेशन डाउनलोड करें-http://play.google.com/store/apps/details?id=com.digital.doordrishtinews

Related posts:

मकर संक्रांति पर गांधी मैदान में आयोजित होगा पतंग उत्सव

January 14, 2026

पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद तीन दिवसीय प्रवास जोधपुर पहुँचे

January 14, 2026

प्रोपर्टी कारोबारी पर डराने धमकाने व फसल नष्ट करने का आरोप

January 14, 2026

आपसी मनमुटाव के चलते पति ने पत्नी की पीठ में घोंपी कैंची

January 14, 2026

माहेश्वरी ट्रेड फेयर में कार का लॉक तोड़कर चुराए दो बैग और लेपटॉप

January 14, 2026

युवक पुलिस को देखकर भागने लगा जैकेट की जेब में मिला 300 ग्राम अफीम का दूध

January 14, 2026

कार का एक्सीलेटर दबते ही भागी महिला को चपेट में लिया,मौत

January 13, 2026

सरकारी स्कूल में आपसी विवाद के बाद नाबालिग छात्र लड़े एक घायल

January 13, 2026

विभिन्न मांगों को लेकर नर्सेज ने चिकित्सा मंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा

January 13, 2026