स्कूल काउंसलर नियुक्ति की जनहित याचिका पर नोटिस जारी
- राजस्थान हाईकोर्ट
- विद्यार्थियों के मानसिक स्वास्थ्य को लेकर चिंता
जोधपुर(दूरदृष्टीन्यूज),स्कूल काउंसलर नियुक्ति की जनहित याचिका पर नोटिस जारी।राजस्थान में विद्यार्थियों के मानसिक स्वास्थ्य को लेकर गंभीर चिंता के बीच द्रोणा एजुकेशनल एंड वेलफेयर सोसाइटी द्वारा स्कूलों में काउंसलर नियुक्ति को अनिवार्य करने की मांग को लेकर दायर जनहित याचिका (PIL) पर जस्टिस इन्द्रजीत सिंह तथा जस्टिस प्रवीर भटनागर ने राज्य में बढ़ते मानसिक स्वास्थ्य संकट का संज्ञान लेते हुए राजस्थान सरकार,सचिव स्कूल शिक्षा विभाग,मुख्य सचिव,उच्च एवं तकनीकी शिक्षा विभाग,निदेशक सेकेंडरी शिक्षा तथा निदेशक प्राथमिक शिक्षा को नोटिस जारी किया है।
याचिकाकर्ता की ओर से बहस करते हुए एडवोकेट मोहित सिंह चौधरी ने विद्यार्थियों में बढ़ते तनाव,चिंता, अवसाद और अन्य मनोवैज्ञानिक समस्याओं का मुद्दा प्रमुखता से उठाया। उन्होंने कहा कि शैक्षणिक दबाव,सामाजिक परिवर्तन और स्कूलों में उपलब्ध सहयोगी प्रणालियों की कमी के कारण यह संकट और गंभीर होता जा रहा है। याचिका में यह भी कहा गया है कि स्कूलों में प्रशिक्षित काउंसलरों की अनुपस्थिति विद्यार्थियों के समग्र विकास में एक गंभीर बाधा है और यह उनके सुरक्षित,सहयोगी और संवेदनशील शैक्षिक वातावरण के अधिकार का उल्लंघन है।
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द्रोणा एजुकेशनल एंड वेलफेयर सोसाइटी के सचिव उमेद सिंह इंदा ने कहा कि यह राजस्थान के बच्चों के लिए ऐतिहासिक दिन है। मानसिक स्वास्थ्य समर्थन को लेकर हमारी वर्षों की पहल को आज न्यायालय की मान्यता मिली है। इस मुद्दे को लेकर संस्थान ने सभी जिला कलेक्टरों,विधायकों एवं सांसदों को ज्ञापन दिए तथा इसी सन्दर्भ में पंद्रह सौ से अधिक पोस्टकार्ड भी मुख्यमंत्री भजनलाल को भेजे गये। मुख्य न्यायाधीश का यह निर्णय इस संकट की गंभीरता को दर्शाता है और हम आशा करते हैं कि यह आदेश व्यापक सुधार का मार्ग प्रशस्त करेगा,ताकि हर बच्चे को आवश्यक मार्गदर्शन और मानसिक सहयोग मिल सके।
हाईकोर्ट का यह आदेश राजस्थान के स्कूलों में मानसिक स्वास्थ्य से जुड़े ढांचे को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। सरकार द्वारा की जाने वाली आगामी जांच और मूल्यांकन से नीतिगत बदलावों एवं बजट प्रावधानों का रास्ता खुलेगा,जिसके आधार पर स्कूलों में प्रभावी काउंसलिंग सिस्टम विकसित किया जा सकेगा।
द्रोण एजुकेशनल एंड वेलफेयर सोसायटी,जिसकी स्थापना 2019 में जोधपुर में हुई थी,समावेशी शिक्षा और बाल मानसिक स्वास्थ्य के क्षेत्र में सक्रिय रूप से काम कर रही है। संस्था विशेष आवश्यकता वाले बच्चों,अभिभावकों और स्कूलों के साथ मिलकर मानसिक रूप से सुरक्षित और सहयोगी वातावरण बनाने में योगदान देती है। संस्था ने आश्वासन दिया है कि वह राजस्थान सरकार तथा अन्य हितधारकों के साथ मिलकर न्यायालय के निर्देशों के प्रभावी क्रियान्वयन एवं राज्यभर में बच्चों के लिए दीर्घकालिक सकारात्मक परिवर्तन सुनिश्चित करने की दिशा में निरंतर कार्य करती रहेगी।
