अधिवक्ता से मारपीट व दुर्व्यवहार पर जताया रोष
- दोषी अधिकारी को तत्काल निलंबित करने की मांग
- ज्ञापन सौंपा
जोधपुर(दूरदृष्टीन्यूज),अधिवक्ता से मारपीट व दुर्व्यवहार पर जताया रोष। ऑल इंडिया लॉयर्स यूनियन (एआईएलयू) जोधपुर ने अजमेर जिले के किशनगढ़ में अधिवक्ता बाबूलाल बागरिया के साथ ट्रैफिक डीएसपी अंजू यादव द्वारा थप्पड़ मारने एवं दुर्व्यवहार किए जाने की घटना की कड़े शब्दों में निंदा की है।
यूनियन ने इस घटना को अधिवक्ता समुदाय के सम्मान,गरिमा एवं सुरक्षा पर गंभीर हमला बताते हुए संबंधित पुलिस अधिकारी को तत्काल प्रभाव से निलंबित करने तथा मामले की उच्चस्तरीय एवं निष्पक्ष जांच करवाने की मांग की है। इन मांगों को लेकर आज मुख्यमंत्री के नाम जिला प्रशासन को ज्ञापन सौंपा गया।
एआईएलयू के जिलाध्यक्ष एडवोकेट पीआर मेघवाल एवं जिला सचिव एडवोकेट महिपाल सिंह ने कहा कि 9 अक्टूबर को किशनगढ़ के मदनगंज थाना क्षेत्र में वाहन पार्किंग को लेकर हुए विवाद के दौरान ट्रैफिक डीएसपी अंजू यादव द्वारा अधिवक्ता बाबूलाल बागरिया को थप्पड़ मारने एवं उनके साथ अभद्र व्यवहार किए जाने की घटना अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण और निंदनीय है। उन्होंने कहा कि अधिवक्ता न्याय व्यवस्था का अभिन्न अंग हैं। अधिवक्ता संविधान, कानून और नागरिकों के अधिकारों की रक्षा के लिए न्यायालयों में संघर्ष करते हैं।
किसी अधिवक्ता के साथ इस प्रकार का व्यवहार केवल एक व्यक्ति का अपमान नहीं,बल्कि संपूर्ण अधिवक्ता समुदाय की गरिमा एवं स्वतंत्रता पर हमला है। पुलिस की वर्दी किसी भी अधिकारी को कानून से ऊपर नहीं बनाती है और किसी भी विवाद की स्थिति में कानूनसम्मत प्रक्रिया अपनाना प्रत्येक पुलिस अधिकारी की जिम्मेदारी है।
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एआईएलयू ने राजस्थान सरकार से मांग की है कि अधिवक्ता बाबूलाल बागरिया के साथ हुई घटना की उच्चस्तरीय, निष्पक्ष एवं समयबद्ध जांच करवाई जाए तथा जांच पूरी होने तक संबंधित डीएसपी अंजू यादव को तत्काल प्रभाव से निलंबित किया जाए। इसके साथ ही संबंधित अधिकारी के विरुद्ध कठोर विभागीय अनुशासनात्मक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
एआईएलयू ने राजस्थान विधानसभा द्वारा पारित राजस्थान अधिवक्ता संरक्षण अधिनियम 2023 को तत्काल प्रभाव से पूर्ण रूप से लागू करने तथा इसके प्रभावी क्रियान्वयन के लिए आवश्यक नियम, अधिसूचनाएं एवं प्रशासनिक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने की मांग की है।
इस दौरान राजस्थान हाईकोर्ट एडवोकेट्स एसोसिएशन,जोधपुर की पूर्व पुस्तकालय सचिव एडवोकेट कांता राजपुरोहित,एडवोकेट किशन मेघवाल, एडवोकेट बीआर डेलू, एडवोकेट स्वरूप राम बामणिया,एडवोकेट श्रवण कुमार जोरम, एडवोकेट विशाल राज, एडवोकेट कृपाराम लीलावत,एडवोकेट अजय कुमार,एडवोकेट चंद्रशेखर,एडवोकेट रतनाराम जयपाल, एडवोकेट खुशवंत शर्मा, एडवोकेट आशा मीणा, एडवोकेट बिंदिया, एडवोकेट पूर्णिमा,नितेश भंडारी,गजेंद्र,रेखा राठौड़ समेत अनेक अधिवक्ता उपस्थित थे।
