वकील की गिरफ्तारी और बदसलूकी पर आक्रोश,कार्य बहिष्कार
- थाने में जमीन पर बैठाया
- फोटो शेयर की
- पुलिस कमिश्नर ने कहा जांच होगी
जोधपुर(दूरदृष्टीन्यूज),वकील की गिरफ्तारी और बदसलूकी पर आक्रोश,कार्य बहिष्कार। एक वकील की गिरफ्तारी और पुलिस के कथित दुर्व्यवहार को लेकर वकीलों में आक्रोश है। आरोप है कि पुलिस ने नोटरी पब्लिक और अधिवक्ता मोहनसिंह रतनू को थाने बुलाकर बिना एसोसिएशन की अनुमति के गिरफ्तार किया और उन्हें जमीन पर बैठाकर अपमानित किया। साथ ही उनकी फोटो शेयर भी की। इसके विरोध में सोमवार को हाईकोर्ट के वकीलों ने लंच के बाद न्यायिक कार्यों का बहिष्कार कर दिया। भारी विरोध को देखते हुए पुलिस कमिश्नर ने घटना की निष्पक्ष जांच का भरोसा दिया।
नकबजनी के माल को अपने पास रखने का आरोपी गिरफ्तार
राजस्थान हाईकोर्ट लॉयर्स एसोसिएशन के महासचिव डॉ. अरुण कुमार झाझड़िया ने बताया कि पुलिस ने अधिवक्ता मोहन सिंह रतनू को थाने बुलाया और बिना सूचना के गिरफ्तार कर लिया। उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस ने सीनियर अधिवक्ता को जमीन पर बैठाकर अभद्र व्यवहार किया और उनका फोटो शेयर कर दिया। एडवोकेट्स एसोसिएशन के महासचिव डॉ.विजय चौधरी ने बताया कि यह घटना अधिवक्ताओं के सम्मान के खिलाफ है। इस कार्रवाई से वकीलों में असुरक्षा और रोष का माहौल है।
कमिश्नर से मिला प्रतिनिधिमंडल
घटना के विरोध में राजस्थान हाईकोर्ट एडवोकेट्स एसोसिएशन के अध्यक्ष रणजीत जोशी की अध्यक्षता में बैठक हुई। इसमें लंच के बाद आधे दिन के लिए न्यायिक कार्यों के बहिष्कार का निर्णय लिया गया। इसके बाद लॉयर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष दिलीप सिंह उदावत और एडवोकेट्स एसोसिएशन के अध्यक्ष रणजीत जोशी के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने पुलिस कमिश्नर से मुलाकात की।
वकीलों ने दोषी पुलिस अधिकारी के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की मांग करते हुए लिखित ज्ञापन सौंपा। वकीलों के विरोध के बाद पुलिस कमिश्नर ने आश्वासन दिया कि वे पूरे मामले की जांच करवाएंगे। यदि किसी भी पुलिसकर्मी की द्वेष,दुर्भावना या गलत मंशा पाई जाती है तो उसके खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी। कमिश्नर ने कहा कि भविष्य में किसी भी अधिवक्ता की गिरफ्तारी से पहले एसोसिएशन के अध्यक्ष से मिलकर सामंजस्य बैठाया जाएगा और उसके बाद ही कार्रवाई होगी।
