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शब्द संदर्भ : (162) मुजरा

लेखक:- पार्थसारथि थपलियाल

जिज्ञासा:- दिल्ली से प्रतीक कुमार मुजरा शब्द के संदर्भ जानना चाहते हैं।

समाधान
मुजरा शब्द का मतलब है झुक कर सलाम करना,स्वागत करना, खुश करना,मुबारक कहना। कई समाजों में अभिवादन सूचक शब्द “मुजरों” कहा जाता है। यही भाव जब कोठों तक पहुंचा तो उसे मुजरा कहा जाने लगा। मुजरा एक भाव प्रधान गायन शैली है जिसमें आरम्भ में सिर्फ गायन ही था। मुगल सभ्यता में इस शैली का विकास कोठों की महफिलों में हुआ। जहाँ उच्च कुलीन लोग अच्छी गायकी सुनने जाया करते थे। ग़ज़ल और ठुमरी अंग से रस प्रधान गीतों को भाव देकर गाना मुजरा था। इसमें आरंभ में तबला और सारंगी संगत वाद्य हुआ करते थे। हारमोनियम का आविष्कार होने पर यह भी महफिलों की शोभा बढ़ाने लगा। धीरे धीरे यह अंग प्रधान होता गया और मंदिरों में प्रचलित कथक नृत्य को नटों द्वारा प्रदूषित किये जाने पर मुजरे में कथक नृत्य का घालमेल कर दिया गया।

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इतिहास में उल्लेख है कि अकबर ने बुरहानपुर को जीतने के बाद अपने बेटे मुरादशाह को बुरहानपुर भेजा, मुरादशाह अन्य धन-दौलत के साथ वहां की मुजरा गाने वालियों को भी अपने साथ ले आया था। जहांगीर के बेटे परवेज के स्वागत में 1606 में पहली बार अकबरी सराय में खुले में मुजरा का आयोजन किया गया था। जल्दी ही लखनऊ,जयपुर,बनारस, अवध आदि जगहों पर कोठों पर मुजरे आयोजित होने लगे। कथक जहां ईश्वर आराधना के भाव लेकर था वह मुबारकवादियों ने घेर लिया। अवध के नवाबों को सुरा और सुंदरी का बहुत शौक था। इस शौक के कारण एक सौंदर्य और भावपूर्ण गायन शैली मनोरंजन का माध्यम बनी। रईसजादों की मौजों का साधन बना। धीरे धीरे बादशाहों के हरम में उन्हे लुभानेवाली,कोठों पर अपने चाहने वालों को लुभाभने लगी।

उमराव जान,जिस पर उमराव जान फ़िल्म बनी थी प्रसिद्ध तवायफ थी। ऐसा कहा जाता है कि जद्दन बाई पहली मुजरा गाने वाली थी जिसने नाचना भी शुरू किया था। हिंदी फिल्मों में मुजरों ने लोगों को बहुत लुभाया। ऐ मोहब्बत तेरे अंजाम में रोना आया… (गीतकार शकील बदायुनी), इन्ही लोगों ने लेई लीना दुपट्टा मेरा…(पाकीजा), हुश्न हाजिर है मोहब्बत की सज़ा पाने को… (लैला मजनूं) हम पे ये किसने हरा रंग डाला.. ( देवदास) आदि। पुराने समय में मन को सुकून देनेवाली गायकी,आंखों को नशा देने वाला नाच खत्म हो गया। तवायफें जिनके पास राजकुमारों को तहजीब और सलीका सीखने के लिए भेजा जाता था उनका साथ काम वासना वाली कॉल गर्ल ने ले लिया है। कोठे की गायकी,मुजरा खत्म सा हो गया।

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