खांडाफलसा पुलिस ने 43 एफआईआर में 1.15 करोड़ की राशि अब तक कराई रिफंड
- साइबर ठगी
- हाल के आठ प्रकरणों में 33 लाख की राशि रिफंड
जोधपुर,शहर की खांडाफलसा पुलिस ने साइबर ठगी के अब तक 43 प्रकरणों में 1.15 करोड़ की राशि को रिफंड करवाया है। हाल के आठ प्रकरणों में पुलिस ने 33 लाख की राशि को पीडि़तों को रिफंड करवाई। तकरीबन 18 सौ सिम कार्ड एवं आईएमईआई को ब्लॉक करवाया गया है। इन सभी में कांस्टेबल सुरेश विश्नोई की भूमिका महत्वपूर्ण रहीं। पुलिस उपायुक्त डॉ.अमृता दुहन ने बताया कि साइबर ठगों द्वारा की गई ठगी के प्रकरणों में पुलिस ने अब तक 43 एफआईआर में 1.15 करोड़ की राशि को रिफंड करवाया गया है। इसके लिए पुलिस की विभिन्न टीमों को लगाया गया। हाल ही में खांडाफलसा ने आठ प्रकरण दर्ज हुए थे। जिस पर पुलिस ने 33 लाख की राशि को रिफंड करवाया।
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प्रकरण संख्या 1
गंगानगर हाल पीओ पजांब एण्ड सिंध बैक शनिश्चरजी का थान के पास रहने वाले भूपेंद्र कुमार ने बताया कि टेलीग्राम के जरिये अज्ञात ठगों से सम्पर्क होने के कारण उनको फोलोअप के दौरान के उसके खाते के 28 लाख रुपए साइबरों ठगों द्वारा पार कर लिये गए। टेलीग्राम से गोपनीय लिंक से सम्पर्क होने के कारण अज्ञात आरोपीयों द्वारा किसी प्रकार से अपना बायोडाटा शेयर नहीं किया गया था। इस पर बाद में परिवादी के खाते में पुन: करीब 22 लाख का रिफण्ड दिलवाया गया तथा शेष राशि को भी होल्ड करवाया गया।
प्रकरण संख्या 2
परिवादी रामचन्द्र के साथ बैंककर्मी बनकर शातिर ने 20 हजार रुपए पार कर लिए थे। बाद में परिवादी के खाते में 9826 रुपए का रिफण्ड दिलवाया गया ।
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प्रकरण संख्या 3
परिवादी यशवेन्द्र थानवी द्वारा गूगल पर कस्टमर कैयर के नम्बर सर्च किए गए। जिस पर प्रार्थी को कस्टमर कैयर की जगह किसी साइबर ढंग के नम्बर मिले उक्त नम्बरों पर प्रार्थी ने समन्वय स्थापित किया तो उसके खाते से करीब 19999 रुपए पार कर लिए। बाद में 19999 रुपए का रिफण्ड दिलवाए गए।
प्रकरण संख्या 4
परिवादी अशोक सांखला के क्रेडिट कार्ड लिमिट बढ़ाने के नाम पर खाते से करीब 95361 रुपए पार कर लिए। उसके खाते में 45725 रुपए का रिफण्ड दिलवाया गया।
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प्रकरण संख्या 5
परिवादी शाहरूख बेग से शातिर ने 35 हजार रुपए ठगे थे। शातिर ने बैंक अधिकारी बनकर संपर्क किया था। उसे 10 हजार की राशि को रिफंड करवाया गया।
प्रकरण संख्या 6
परिवादी विनिता शर्मा से शातिर ने विनियोग के नाम पर 35 हजार रुपए ठगे थे। पुलिस ने इसमें तकनिकी उपयोग कर बैंकिंग व वॉलेट्स एजेन्सीयों से समन्वय स्थापित कर राशि फिर से रिफंड करवाई गई।
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प्रकरण संख्या 7
सीएलजी सदस्य रमेश पुरोहित से बच्चे की क्रेडिट कार्ड लिमिट बढ़ाने के लिए 46 हजार रुपए निकाल लिए गए। पुलिस ने बाद में इसमें 23 हजार रिफंड करवाए।
प्रकरण संख्या 8 :-मेलावास करवड़ निवासी महेंद्र सिंह के साथ शातिर ने नेक्स एवरग्रीन कंपनी के नाम पर 6.25 लाख की ठगी की गई थी। इस पर पुलिस ने अब पूरी राशि रिफंड करवाई है। साइबर ठगी की राशि रिफंड करवाने में थानाधिकारी गीता विश्रोई के सुपर विजन में कांस्टेबल सुरेश विश्नोई ने अहम भूमिका निभाई। इसके अलावा टीम में एएसआई साइबर सैल के राकेश सिंह,हैडकांस्टेबल भंवरलाल, जयप्रकाश,बनवारी लाल,महिला कांस्टेबल शारदा,देवेंद्र सिंह शामिल थे।
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